Words are the bridge between the human and the divine.
शब्द मनुष्य और ईश्वर के बीच का सेतु हैं।
माँ सरस्वती विद्या, बुद्धि और समस्त कलाओं की अधिष्ठात्री देवी हैं। उनका श्वेत स्वरूप पवित्रता और अज्ञान के अंधकार को मिटाने वाले ज्ञान का प्रतीक है। उनके हाथों में सुसज्जित वीणा जीवन के सामंजस्य को और पुस्तक वेदों के सत्य ज्ञान को दर्शाती है। वे ब्रह्मा जी की शक्ति हैं, जिन्होंने सृष्टि को वाणी और अभिव्यक्ति प्रदान की।